बरेली। मुख्यमंत्री के निर्देशों के अनुपालन में शासनादेश संख्या 467/एक-6-2026 राजस्व अनुभाग-6 दिनांक 31 मई 2026 के तहत प्रदेशभर में भूमि विवादों के प्रभावी निस्तारण के लिए 1 जून से 30 जून 2026 तक विशेष अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में तहसील सदर बरेली प्रशासन ने भूमि विवादों से संबंधित शिकायतों के पुनः परीक्षण और स्थायी समाधान के लिए व्यापक कार्रवाई शुरू की है।
प्रशासनिक अधिकारियों के अनुसार बीते एक वर्ष में प्राप्त भूमि विवाद संबंधी शिकायतों की समीक्षा की गई। समीक्षा के दौरान आईजीआरएस पोर्टल पर दर्ज असंतोषजनक फीडबैक एवं स्पेशल क्लोज मामलों को पुनः खोलकर उनका गुणवत्तापूर्ण निस्तारण कराने के निर्देश प्राप्त हुए हैं। तहसील सदर क्षेत्र में कुल 2505 शिकायतें चिन्हित की गई हैं, जिनके समाधान के लिए राजस्व निरीक्षकों के क्षेत्रवार 10 संयुक्त टीमें गठित की गई हैं। इन टीमों में राजस्व, पुलिस एवं विकास विभाग के अधिकारी-कर्मचारी शामिल हैं।
सिमरा बोरीपुर में चकरोड कराया गया कब्जामुक्त
अभियान के तहत शुक्रवार को राजस्व एवं पुलिस टीमों को राजस्व ग्राम सिमरा बोरीपुर और घंघोरा पिपरिया भेजा गया। सिमरा बोरीपुर में कुल 29 शिकायतों की पुनः जांच की गई। इनमें से एक प्रमुख शिकायत ब्रजेश कुमार सिंह पुत्र इंद्रपाल सिंह द्वारा चकरोड गाटा संख्या 459 को लेकर की गई थी।
शिकायत में बताया गया था कि कई बार पैमाइश और सीमांकन होने के बावजूद चकरोड पर मिट्टी कार्य नहीं होने से पड़ोसी कृषक द्वारा आंशिक कब्जा कर लिया गया था तथा कुछ हिस्से में झाड़ियां उग आई थीं। मौके पर पहुंचे अपर जिलाधिकारी (प्रशासन) के निर्देश पर खंड विकास अधिकारी क्यारा को बुलाया गया और तत्काल ट्रैक्टर से चकरोड की जुताई कराकर मिट्टी कार्य कराया गया। इसके बाद चकरोड को पूरी तरह कब्जामुक्त कराकर शिकायत का स्थायी समाधान किया गया।
अवैध सीढ़ियां हटाकर रास्ता कराया मुक्त
ग्राम सिमरा बोरीपुर में ही ग्रामीणों ने शिकायत की कि कुछ लोगों ने अपने मकानों के बाहर सार्वजनिक रास्ते पर अवैध रूप से पक्की सीढ़ियां बना ली हैं। शिकायत का संज्ञान लेते हुए प्रशासन ने जेसीबी मशीन की मदद से अवैध सीढ़ियों को ध्वस्त कर रास्ते को अतिक्रमण मुक्त कराया।
घंघोरा पिपरिया में भी हुई कार्रवाई
ग्राम घंघोरा पिपरिया में कुल 30 शिकायतों की पुनः जांच की गई। जसवंत सिंह यादव द्वारा गाटा संख्या 585 को लेकर शिकायत दर्ज कराई गई थी। जांच के दौरान पाया गया कि संबंधित स्थान पर लोगों द्वारा कार, बाइक आदि खड़ी कर रास्ते में अवरोध उत्पन्न किया जा रहा था। राजस्व टीम ने मौके पर पहुंचकर अवरोध हटवाया और समस्या का समाधान कराया।
वहीं, रामेश्वर पुत्र रामबहादुर द्वारा चकरोड संख्या 41 पर अतिक्रमण की शिकायत की गई थी। जांच में चकरोड यथावत संचालित पाया गया। इसके अलावा जमुना प्रसाद पुत्र चंपत सिंह ने खेतों को जंगली जानवरों से नुकसान पहुंचने की शिकायत की थी। इस संबंध में पशुपालन विभाग से संपर्क किया गया, जहां बताया गया कि पूर्व में ही आवारा पशुओं को संरक्षण स्थल पर भेजा जा चुका है। शिकायतकर्ता प्रशासनिक कार्रवाई से संतुष्ट मिला।
अवैध निर्माण हटाकर रास्ता कराया सुचारु
घंघोरा पिपरिया में रास्ता गाटा संख्या 1097 पर गांव निवासी साविर हुसैन पुत्र अजीज हुसैन द्वारा किए गए अतिक्रमण और अवैध निर्माण को भी प्रशासन ने हटवा दिया। नायब तहसीलदार सदर प्रभात मिश्रा की अध्यक्षता में कार्रवाई करते हुए रास्ते को खाली कराया गया और आवागमन सुचारु कराया गया।
विश्व पर्यावरण दिवस पर हुआ वृक्षारोपण
विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर तहसील सदर बरेली में अपर जिलाधिकारी (प्रशासन), उपजिलाधिकारी सदर, नायब तहसीलदार सदर तथा वन विभाग की टीम द्वारा वृक्षारोपण कार्यक्रम आयोजित किया गया। ग्राम सिमरा बोरीपुर स्थित गौशाला परिसर में पीपल, बरगद और नीम जैसे छायादार वृक्ष लगाकर ‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान को आगे बढ़ाया गया।
इस दौरान अधिकारियों ने गौशाला का निरीक्षण भी किया। निरीक्षण में गौवंशों के लिए हरे चारे, पेयजल और अन्य व्यवस्थाओं का जायजा लिया गया। व्यवस्थाएं संतोषजनक मिलने पर साफ-सफाई बनाए रखने के निर्देश दिए गए। साथ ही अपर जिलाधिकारी (प्रशासन) ने उपजिलाधिकारी सदर और खंड विकास अधिकारी क्यारा को गौशाला के विस्तार का प्रस्ताव तैयार कर प्रस्तुत करने के निर्देश दिए।
प्रशासन का कहना है कि पूरे जून माह तक चलने वाले इस विशेष अभियान के माध्यम से भूमि विवादों का स्थायी और गुणवत्तापूर्ण समाधान सुनिश्चित किया जाएगा, जिससे ग्रामीण क्षेत्रों में अनावश्यक विवादों और तनाव की स्थिति को समाप्त किया जा सके।



ब्यूरो चीफ:रवि पाण्डेय
लोकेशन:बरेली,उप्र!
