सेवानिवृत्त कर्मचारी एवं पेंशनर्स एसोसिएशन उत्तर प्रदेश के प्रांतीय उपाध्यक्ष राधा रमन मिश्रा , और जिला अध्यक्ष डी के त्यागी के नेतृत्व में सेठ दामोदर स्वरूप पार्क में मंगलवार को धरना प्रदर्शन के बाद अपनी 12 सूत्रीय मांगों का ज्ञापन सिटी मजिस्ट्रेट को सौंपा। संगठन ने आठवें वेतन आयोग के दायरे में 1 जनवरी 2026 से पहले सेवानिवृत्त पेंशनरों को शामिल करने की प्रमुख मांग उठाई।
एसोसिएशन ने कहा कि आठवें वेतन आयोग की घोषणा 16 जनवरी 2025 को हुई थी, लेकिन आयोग की अधिसूचना जारी होने में विलंब हुआ। संगठन का आरोप है कि बाद में जारी अधिसूचना में 1 जनवरी 2026 से पहले सेवानिवृत्त पेंशनरों के पेंशन पुनरीक्षण एवं अन्य लाभों को शामिल नहीं किया गया। इसे लेकर पेंशनरों में असंतोष है।
ज्ञापन में वित्त विधेयक 2025 में तिथि के आधार पर पेंशनरों में किए गए भेद को समाप्त कर पुराने पेंशनरों को आठवें वेतन आयोग के दायरे में लाने, कर्मचारियों, शिक्षकों और पेंशनरों को अंतरिम राहत देने तथा अलग सीपीआई जारी करने की मांग की गई। इसके अलावा पुरानी पेंशन व्यवस्था बहाल करने, पेंशन राशिकरण की कटौती 10 वर्ष में समाप्त करने, 65 वर्ष की आयु के बाद प्रत्येक पांच वर्ष में पांच प्रतिशत पेंशन वृद्धि, पेंशन को आयकर से मुक्त करने और कोरोना काल के 18 माह के डीए/डीआर एरियर का भुगतान करने की मांग भी रखी गई।
एसोसिएशन ने वरिष्ठ नागरिकों को रेल किराये में 50 प्रतिशत छूट, आयुष्मान भारत में कैशलेस उपचार की सीमा 10 लाख रुपये करने, 50 प्रतिशत से अधिक महंगाई भत्ते को मूल पेंशन में मर्ज करने तथा वरिष्ठ नागरिक आयोग गठित करने की मांग की।
धरना में देव कुमार त्यागी , मुजम्मिल हुसैन , धर्मेंद्र भूषण पाण्डेय ,अरविंद कुमार शर्मा , भद्रसेन , नत्थूलाल , नीरज कुमार बिसारिया , विकास रायजादा , रमेश चंद्र , राजेश कुमार सागर , वीरेंद्र पाल माथुर , कांताप्रसाद, खेमकरन मौर्य आदि मौजूद थे ।

बरेली
अमित कुमार कश्यप
